तुझसे मिलूं कोनसा मुखोटा डालकर

ज़रा सा आहत होते ही  स्वभाव बदल जाता है  वो कहता है की तू मेरा है  और आलम ये की हर चोट पर  वो बहुत दूर चला जाता है  …

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