समर्पण
समर्पण करना चाहता हूँ , तुमको आँसू , वेदनाएँ असहाए पीड़ा , भूख ईर्ष्या-द्वेष और रिश्तो में छिपायी हुई नफरत, ठहाको के पीछे, खड़े , शोषण के विचार । मानसिक…
Social and scientific literature improves our understanding of different situations and helps for a smooth thinking process.
समर्पण करना चाहता हूँ , तुमको आँसू , वेदनाएँ असहाए पीड़ा , भूख ईर्ष्या-द्वेष और रिश्तो में छिपायी हुई नफरत, ठहाको के पीछे, खड़े , शोषण के विचार । मानसिक…
तुझसे मिलकर भी मैं बिछुड़ने की भूल करता रहा हर शाम तन्हा तन्हा ख़ुद से बात करता रहा मै सीख तो गया गलतियों से मगर तुझसे बढ़कर भी मुझे कोई परखने वाला ना मिला डॉ० सुशील…
जंगल उजाड़े पशु-पक्षी मारे अब धरोहर को मिटाना है । आधुनिकीकरण की राह में पर्यावरण उजड़ा अन्न उपजाऊ भूमि पर इमारतो का निर्माण सड़को के नाम पर लाखो-करोड़ों, पैड काटे…